What is Liquid fund in Hindi

Liquid fund भी Mutual fund का एक विकल्प हैं Liquid fund एक प्रकार के Debt mutual fund होते हैं।

Liquid fund,, Stock market  में investment नहीं करते Liquid funds bonds में Investment करते हैं।

Liquid fund ऐसे Bonds में Investment करते हैं जो की 91 days के भीतर Metuare हो रहे हों।

Government Bonds and Private companies में Investment करते हैं।

इस Investment से जो Profit मिलता है, उससे आपके Units का NAV धीरे-धीरे बढ़ता रहता है

Liquid Funds सबसे बड़ा Risk है की जिस Company के bond में पैसा Investment किया है।

वह Company Default कर दे इसका मतलब किसी वजह Company पैसा लौटा न पाए इस Risk को Credit Risk कहा जाता है।

अगर पैसा नहीं लौटा, तो आपके Liquid fund का NAV गिर जाएगा मतलब की आपको loss हो सकता है।

Government bonds में default की संभावना नहीं होती यह risk केवल Corporate Bonds में रहता है।

liquid fund में कुछ risk होता है।

Fund manager,, Corporate bond में भी Investment करते हैं ऐसा करने से Profit तो बढ़ता है परन्तु risk भी बढ़ जाता है।

हर Mutual fund company का Liquid fund होता है परन्तु Fund के Return and Profit में बहुत ज्यादा अंतर नहीं होता है।

Investment करते समय आपको इन 2 बातों को सुनिश्चित करना होगा आपके Liquid fund का Bond Default न करे: यह सुनिश्चित करना बहुत मुश्किल है।

अगर आप ऐसा चाहते हैं तो आपको ऐसा Liquid fund चुनना होगा।

जो की केवल Govt. bond में Investment करे परन्तु फिर Profit कम होंगे, अगर Default हो भी, तो आपको बहुत ज्यादा Loss न होंगे।

1. केवल बड़े Funds में निवेश करें, आप ऐसे Liquid fund को चुनें जिसका size कम से कम 10,000 crore हो।

इसका फायदा यह है की बड़े fund को बहुत सारी Company के bonds में Investment करना होगा।

अगर किसी वजह कोई Company Default भी करती है,
तो आपके Fund के NAV पर बहुत ज्यादा प्रभाव नहीं पड़ेगा

2. अधिक प्रतिष्ठित और बड़ी Mutual fund company के Liquid fund में Investment करें।

Equity fund में छोटे-बड़े Mutual fund company में कोई फर्क नहीं पड़ता but जब बात Debt mutual funds और Liquid fund की आती है।

Large company के साथ ही Investment करें।

3. Fund का जितना कम expense ratio होगा, आपके Return उतना ही बढेगा,

4. Liquid fund  का चुनाव करते समय mutual fund rating पर बिल्कुल ध्यान न दें।

अगर rating पर ज्यादा ध्यान देंगे, तो गलती हो सकती है ऐसा इसलिए क्योंकि rating काफी हद तक Return  पर ज़ोर देती हैं Risk पर ज़ोर नही देती हैं।

5. केवल Return के पीछे न भागें बहुत सारे Investors किसी भी fund का चुनाव past performance के आधार पर करते हैं।

अगर आप Equity mutual fund के चुनाव के समय ऐसा करते हैं, तब आपको शायद बहुत ज्यादा loss होंगे।

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