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Opene Ended Vs Close Ended Funds in Hindi

Open Ended Mutual funds in Hindi

इस तरह के Mutual funds में Investors के लिए ENTRY (buy) and EXIT (sell) का कोई fixed time नहीं होता, और ये बिल्कुल Open होता है।

 Investors कभी भी ENTRY ले सकता है और कभी भी EXIT कर सकता है।

जब किसी  Mutual fund में, इस तरह Entry और Exit की कोइ fixed time नहीं होती है।

तो ऐसे  Mutual fund को Open ended Mutual fund कहा जाता है।

Open ended Mutual fund में  Mutual fund company को नए UNIT जारी करने का कोई प्रतिबन्ध नहीं होता है।

ध्यान देने वाली बात ये है कि,,
ज्यादातर Mutual funds types के Open ended,, types के होते है।

लेकिन साथ ही साथ एक Open ended Mutual fund में जमा पैसे जब बहुत ज्यादा हो जाते है।

तो Mutual fund Manager,,
Fund को Manage करने की अपनी सुविधा के अनुसार उस Mutual fund को CLOSE ENDED FUND में बदल सकते है,

और इस तरह एक बार कोई FUND जब CLOSE ENDED FUND हो जाती है।
तो उसमे नए  investors की ENTRY पर प्रतिबन्ध लग जाता है,

Open Ended Mutual funds की विशेषता

निवेशक के ENTRY और EXIT पर कोई प्रतिबन्ध नहीं होता.
Open ended fund में उसके UNIT की खरीद और विक्री Mutual fund की NAV पर होती है। 

Open ended Mutual fund में company जितने चाहे उतने नए Mutual fund के UNIT जारी कर सकती है।

Unit की संख्या पर किसी तरह का कोई प्रतिबन्ध नहीं होता है।

Open ended Mutual fund कभी कभी इतना बड़ा हो जाता है कि उस Mutual fund investments के उद्देश्यों को पूरा करने के लिए उसके Mutual fund Manager को ये निर्णय लेना होता है।

कि इस Open ended Mutual fund को Close ended Mutual fund में बदल दिया जाये।

Open Ended Mutual funds में Investment के फायदे

1. LIQUIDITY

Open ended Mutual fund में investmentsका सबसे बड़ा profit ये होता है कि investors जब चाहे अपने  investments को NAV PRICE पर बेचकर उस investments को CASH कर सकता है।

और इस तरह Open ended Mutual fund में investments LIQUIDITY के लिहाज से बहुत ही सरल और सुविधाजनक है।

2. निवेश की राशी और समय

ज्यादातर Open ended Mutual fund में समय की कोई सीमा नहीं होती है।

और investments करने की राशी भी छोटी होती जो एक आम investors के लिए काफी सुविधाजनक investments होता है।

3. NAV PRICE IS FINAL PRICE Open ended Mutual fund में NAV उसका FINAL PRICE होता है।

जिसके ऊपर उस Mutual fund के units ख़रीदे और बेचे जाते है।
और इस तरह NAV ही इसका FINAL PRICE होता है,

4. Open ended Mutual fund की खरीद और विक्री

Open ended Mutual fund की खरीद और विक्री उसके NAV यानी BOOK VALUE पर होती है।

और DIRECTLY कंपनी द्वारा ही Mutual fund Units को REDEEM किया जाता है।

यानी OPEN ENDED MUTUAL DIRECTLY company द्वारा ख़रीदा और बेचा जाता है।

Close Ended Mutual funds in Hindi

जब किसी Mutual fund में Investment करने के लिए समय सीमा और उसकी कुल UNIT, Mutual fund के New Offer में पहले से तय होती है।

वैसे Mutual fund  को Close ended Mutual fund कहा जाता है,

Close ended Mutual fund जैसा कि नाम से ही स्पस्ट है कि,
इस तरह के Mutual fund में निवेश की समय सीमा पहले से FIXED होती है।

और उस समय सीमा के बाद इस तरह के Mutual fund DIRECT investments के लिए बंद यानी CLOSE हो जाते है, आम तौर पर जब कोई company Close ended Mutual fund scheme LAUNCH करती है।

तो वह इसे NFO (new fund offer) द्वारा ही investors से पैसे लेती है।

NFO मे जैसे ही Mutual funds की सभी Units investors द्वारा खरीद लिए जाते है।

वह Mutual fund, किसी नए Investor के Direct investments के लिए बंद हो जाता है।

Close ended Mutual fund में, Mutual fund company को, नए Units जारी करने पर प्रतिबन्ध होता है।

और साथ ही इस Mutual fund में एक निश्चित समय के लिए investments किया जाता है।

Close ended Mutual fund में पहले से तय राशी को UNIT PRICE में बांटकर Units बना दिया जाता है।

फिर,investors को NEW FUND OFFER के जरिये,
UNIT खरीदने और उस Close ended Mutual fund में investments करने का ऑफर दिया जाता है।

और जैसे ही सभी UNIT निवेशको द्वारा खरीद लिए जाते है, वह FUND OFFER क्लोज हो जाता है।

और Close ended Mutual fund को Mutual fund company, Fund के Goals and Objective, को ध्यान में रखते हुए investments करती है।

और जो भी लाभ कमाती है, उसे |units में बाट दिया जाता है,
इस तरह के Close ended Mutual fund NAV में बदलाव आता रहता है।

Close ended Mutual funds की विशेषता

Close ended Mutual fund में नए investors की DIRECT ENTRY पर प्रतिबन्ध होता है।

Close ended Mutual fund के Units सिर्फ NFO के तौर पर जारी किए जाते हैं।

Close ended Mutual fund की एक FIXED पहले से तय MATURITY TIME भी होता है।

Close ended Mutual funds में UNIT की संख्या FIXED होती है।

और उसके performance के अनुसार उसकी NAV बढ़ने की आशा में investors उसे stock market से खरीद सकते है।

Close ended Mutual fund में उसके UNIT की खरीद और विक्री Mutual fund की market value या उसके NAV पर होती है।

और Mutual fund company इस बात को पहले से स्पस्ट कर देती है।

Close ended Mutual fund के UNITS stock market  पर trade के लिए भी उपलब्ध होते है।

और investorsअपने units को Mutual fund की शर्तो के अनुसार stock market  पर किसी दुसरे investors को बेच सकते है।

Close ended Mutual fund अगर stock market  से ख़रीदे जाते है।

तो उसे वापस stock market पे ही बेचा जा सकता है, या investorsको उसकी MATURITY पूरी होने तक WAIT करना पड़ता है।

Close ended Mutual fund को company MATURITY TIME से पहले Buyback Scheme पे खरीदने या REDEEM करने का ऑफर भी investors को दे सकता है।

Close ended Mutual funds में Investments के फायदे 

1. Stock Exchange पर Trade

Close ended Mutual fund में हमारा का सबसे बड़ा फायदा ये होता है कि,
Close ended Mutual fund में Units की संख्या निश्चित होने के कारण उसकी Trading possible हो जाती है।

2. Market price  पर बेचने का विकल्प

Close ended Mutual fund में stock market में trade होने के कारण,
निवेशक अपने Close ended Mutual fund को stock market पर market prive पर बेच सकता है।

3. NAV PRICE and MARKET PRICE

Close ended Mutual fund में NAV Weekly Update हो सकता है।

जबकि stock market में trade होने के कारण Close ended Mutual fund की खरीद और विक्री market price पर भी होती है।

Close ended Mutual fund– के Unit सिर्फ NFO (New Fund Offer) द्वारा Issue किए जाते हैं।

investor इस तरह के Mutual fund में New Fund Offer के समय ही investments कर सकते हैं।

Close ended Mutual fund ये units एक fixed time के लिए होते हैं।

और इस निश्चित समय से पहले Close ended Mutual fund से पैसे नहीं निकाल सकते है।

इस तरह अगर आप Close ended Mutual fund की Maturity Period पूरी होने से पहले,
अपने पैसे निकालना चाहते हैं।

तो आपको Sares की तरह ही, Mutual fund के यूनिट को भीstock market में listed की मदद से खरीद और बेच सकते हैं।

4. LOCK IN PERIOD

Close ended Mutual fund की सभी शर्ते क्या है, कितने समय तक Fund को REDEEM नहीं किया जा सकता है।

5. REDEEM PROCESS 

ये Mutual fund को Redeem करने का क्या Process है।

और इस तरह अगर Close ended Mutual fund आपकी अपनी investments की आवश्यकताओ को पूरा करता है, तो आप निवेश कर सकते है।

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